Azaad Bharat
Breaking
🔴 Big Breking News/रायपुर में 6 माह की मासूम को पिता ने दो बार जमीन पर पटका, AIIMS में भर्ती 🔴 विजयदशमी पर रायगढ़ पुलिस लाइन में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हुआ शस्त्र पूजन 🔴 यूनिटी मेटा टोकन में निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देकर 11.60 लाख रुपये की ठगी, रायगढ़ साइबर पुलिस ने तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार 🔴 दुर्ग के जेडी स्टील प्लांट में दर्दनाक हादसा: 1600 डिग्री का पिघला लोहा ठेकेदार पर गिरा, इलाज के दौरान मौत 🔴 केलो डेम के पास युवक-युवती से लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, कोतवाली पुलिस ने भेजा जेल 🔴 बिलासपुर में हेरोइन के साथ महिला गिरफ्तार, 5 ग्राम मादक पदार्थ और मोबाइल जब्त; ₹1.08 लाख का सामान बरामद 🔴 छत्तीसगढ़: सूरजपुर में महिला शिक्षक और 12वीं के छात्र बेटे की हत्या, प्रेम संबंध और 20 लाख के लोन का विवाद चर्चा में 🔴 नाबालिग छात्रा के यौन शोषण के आरोप में पुलिस ने सिविल सर्जन को शनिवार देर रात हिरासत में लिया 🔴 Big Breking/नाना पाटेकर का निधन, 75 साल की उम्र में ली अंतिम सांस 🔴 मोबाइल टावर से बैटरी चोरी करने वाला फरार आरोपी गिरफ्तार, तमनार पुलिस ने चोरी की 2 बैटरियां की बरामद कर भेजा जेल 🔴 Big Breking News/रायपुर में 6 माह की मासूम को पिता ने दो बार जमीन पर पटका, AIIMS में भर्ती 🔴 विजयदशमी पर रायगढ़ पुलिस लाइन में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हुआ शस्त्र पूजन 🔴 यूनिटी मेटा टोकन में निवेश पर भारी मुनाफे का लालच देकर 11.60 लाख रुपये की ठगी, रायगढ़ साइबर पुलिस ने तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार 🔴 दुर्ग के जेडी स्टील प्लांट में दर्दनाक हादसा: 1600 डिग्री का पिघला लोहा ठेकेदार पर गिरा, इलाज के दौरान मौत 🔴 केलो डेम के पास युवक-युवती से लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, कोतवाली पुलिस ने भेजा जेल 🔴 बिलासपुर में हेरोइन के साथ महिला गिरफ्तार, 5 ग्राम मादक पदार्थ और मोबाइल जब्त; ₹1.08 लाख का सामान बरामद 🔴 छत्तीसगढ़: सूरजपुर में महिला शिक्षक और 12वीं के छात्र बेटे की हत्या, प्रेम संबंध और 20 लाख के लोन का विवाद चर्चा में 🔴 नाबालिग छात्रा के यौन शोषण के आरोप में पुलिस ने सिविल सर्जन को शनिवार देर रात हिरासत में लिया 🔴 Big Breking/नाना पाटेकर का निधन, 75 साल की उम्र में ली अंतिम सांस 🔴 मोबाइल टावर से बैटरी चोरी करने वाला फरार आरोपी गिरफ्तार, तमनार पुलिस ने चोरी की 2 बैटरियां की बरामद कर भेजा जेल

Search News

अपनी पसंद की खबर खोजें

एक्सक्लूसिव छत्तीसगढ़ क्राइम व्यापार देश दुनिया राशिफल मनोरंजन अन्य खेल राजनीति
होम एक्सक्लूसिव Big Breking News/अंबिकापुर में बाल संरक्षण व्यवस्था पर गंभीर सवाल: ...
Big Breking News/अंबिकापुर में बाल संरक्षण व्यवस्था पर गंभीर सवाल: 6 महीने में 4 बार अपचारी बच्चे फरार, 2012 से जिला बाल संरक्षण अधिकारी का पद रिक्त
एक्सक्लूसिव

Big Breking News/अंबिकापुर में बाल संरक्षण व्यवस्था पर गंभीर सवाल: 6 महीने में 4 बार अपचारी बच्चे फरार, 2012 से जिला बाल संरक्षण अधिकारी का पद रिक्त

Azaad Bharat Desk 25 July 2026
Share :
Advertisement
Advertisement 1
Advertisement 2
Advertisement 3

 

Azaad bharat News/Raigarh/Chhattisgarh/- अंबिकापुर। सरगुजा संभाग में बाल संरक्षण संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। 23 जुलाई 2026 की रात प्लेस ऑफ सेफ्टी से तीन अपचारी बच्चे खिड़की तोड़कर फरार हो गए। इसके साथ ही वर्ष 2026 में बाल संप्रेक्षण गृह और प्लेस ऑफ सेफ्टी से बच्चों के फरार होने की कुल चार घटनाएं सामने आ चुकी हैं। दोनों संस्थानों से अब तक दो-दो बार बच्चे फरार हो चुके हैं।

Advertisement
Advertisement 1
Advertisement 2
Advertisement 3
Advertisement 4
Advertisement 5
Advertisement 6
Advertisement 7
Advertisement 8
Advertisement 9
Advertisement 10
Advertisement 11
Advertisement 12
Advertisement 13
Advertisement 14
Advertisement 15
Advertisement 16
Advertisement 17

6 महीने में चार बार सुरक्षा में सेंध

घटनाक्रम पर नजर डालें तो वर्ष 2026 में अब तक—

  • 17 फरवरी: प्लेस ऑफ सेफ्टी से 15 बच्चे फरार।
  • 24 जून: बाल संप्रेक्षण गृह से 11 बच्चे फरार।
  • 16 जुलाई: बाल संप्रेक्षण गृह से 13 बच्चे फिर भागे।
  • 23 जुलाई: प्लेस ऑफ सेफ्टी से 3 अपचारी बच्चे खिड़की तोड़कर फरार।

लगातार हो रही इन घटनाओं ने संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं।

2012 से रिक्त है जिला बाल संरक्षण अधिकारी का पद

मामले का सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि अंबिकापुर में जिला बाल संरक्षण अधिकारी (DCPO) का पद वर्ष 2012 से रिक्त बताया जा रहा है। पिछले लगभग 14 वर्षों से पूरा जिला प्रभारी अधिकारी के भरोसे संचालित हो रहा है।

विशेषज्ञों के अनुसार जिला बाल संरक्षण अधिकारी की जिम्मेदारी संस्थानों का निरीक्षण, सुरक्षा मानकों का पालन, बच्चों के पुनर्वास की निगरानी, विभागीय समन्वय और जवाबदेही सुनिश्चित करना है। ऐसे में इतने लंबे समय तक नियमित अधिकारी की नियुक्ति नहीं होना व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

समीक्षा बैठक के कुछ घंटे बाद ही फिर फरारी

23 जुलाई को ही कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा बैठक में अपचारी बच्चों के बार-बार फरार होने के मामलों पर चिंता जताई थी। बैठक में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए गए थे।

विडंबना यह रही कि उसी रात प्लेस ऑफ सेफ्टी से तीन बच्चे फरार हो गए, जिससे सवाल उठ रहे हैं कि क्या बैठकों में लिए गए निर्णय केवल कागजों तक ही सीमित रह जाते हैं।

उठ रहे हैं कई अहम सवाल

लगातार हो रही घटनाओं के बाद अब लोगों के बीच कई सवाल चर्चा में हैं—

  • आखिर छह महीने में चार बार बच्चे कैसे फरार हो गए?
  • दोनों संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था बार-बार क्यों विफल हो रही है?
  • क्या सुरक्षा व्यवस्था का स्वतंत्र ऑडिट कराया जाएगा?
  • वर्ष 2012 से रिक्त जिला बाल संरक्षण अधिकारी के पद पर नियमित नियुक्ति कब होगी?
  • क्या पिछली फरारी की घटनाओं में जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय हुई?
  • क्या जांच रिपोर्टों पर वास्तव में अमल किया गया?

जनता को स्थायी समाधान का इंतजार

लगातार सामने आ रही इन घटनाओं के बाद अब आमजन यह जानना चाहते हैं कि क्या केवल जांच समितियां बनती रहेंगी या बाल संरक्षण संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था में स्थायी सुधार के लिए ठोस कदम भी उठाए जाएंगे। फिलहाल प्रशासन की ओर से फरारी की ताजा घटना की जांच जारी है।

हर छोटी बड़ी खबर हमारे पोर्टल में पब्लिश करने के लिए संपर्क करें|

अपने प्रतिष्ठान का विज्ञापन देना चाहते हैं, 78693-95311, 7999739156 पर संपर्क करें |

हर छोटी बड़ी खबर हमारे पोर्टल में पब्लिश करने के लिए संपर्क करें|

अपने प्रतिष्ठान का विज्ञापन देना चाहते हैं, 78693-95311, 7999739156 पर संपर्क करें |