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Azaad-bharat/:ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, त्रेतायुग में प्रभु श्री राम का जन्म अभिजीत मुहूर्त में हुआ था। 22 जनवरी, सोमवार के दिन मृगशीर्ष नक्षत्र में अभिजीत मुहूर्त का संयोग बन रहा है। ऐसे में इस दिन अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 11 मिनट से शुरू होगा जो 12 बजकर 54 मिनट तक रहने वाला है। यही कराण है कि इस तिथि को रामलाल की प्राण प्रतिष्ठा के लिए चुना गया है। साथ ही यह भी माना जा रहा है कि इस शुभ मुहूर्त में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा करने से प्रभु श्री राम सदैव मूर्ति के अंदर विराजमान रहेंगे।
सनातन धर्म में कोई भी शुभ कार्य पंचांग के अनुसार, शुभ मुहूर्त देखकर ही किया जाता है। ऐसे में रामलला की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा के लिए 22 जनवरी 2024 पौस माह के द्वादशी तिथि को चुना गया है। इस विशेष तिथि पर सर्वार्थ सिद्धि योग, अमृत सिद्धि योग, रवि योग जैसे कई शुभ योग बन रहे हैं। इस दौरान प्राण प्रतिष्ठा का शुभ मुहूर्त 12 बजकर 29 मिनट से 12 बजकर 30 मिनट तक रहने वाला है। इस दौरान मृगशिरा नक्षत्र रहेगा।